*लोक नृत्य एवं जननायक पर केंद्रित जिला स्तरीय प्रतियोगिता का हुआ आयोजन*
शहडोल जिला मध्यप्रदेश

बच्चे हमारे देश की धरोहर – विधायक जयसिंह मरावी
अद्भुत एवं आकर्षित लोक नृत्य की की गई प्रस्तुति
लोक नृत्य एवं जननायक पर केंद्रित जिला स्तरीय प्रतियोगिता का हुआ आयोजन
रिपोर्टर – (संभागीय ब्यूरो चीफ) चंद्रभान सिंह राठौर
शहडोल/5 नवंबर 2022/
विधायक जयसिंहनगर जयसिंह मरावी ने कहा कि बच्चे हमारे देश की धरोहर है। बेटे-बेटियाँ प्रसन्न-सुखी रहें, प्रगति के पथ पर निरंतर अग्रसर हों और जीवन में सफलता अर्जित करें, यही मेरी कामना और हमारे जीवन की सार्थकता है। हमारे बच्चों सभी प्रकार की विधाओं से परिपूर्ण है, हमारे बच्चों में किसी भी प्रकार की प्रतिभाओं की कमी नहीं है, बस जरूरत है उन्हें सही मार्ग प्रशस्त करने की और हमारी सरकार बच्चों को सही मार्ग प्रशस्त कर रही है तथा उनकी प्रतिभाओं को निखारने की कोशिश भी कर रही है। हमारी सरकार, हमारे प्रदेश के मुखिया शिवराज सिंह चौहान के निर्देशन एवं मार्गदर्शन में मध्य प्रदेश हर एक क्षेत्र में कार्य कर रहा है तथा बच्चों की प्रतिभाओं को निखारने हेतु प्रयासरत है। उक्त विचार विधायक जयसिंहनगर जयसिंह मरावी ने आज शासकीय आवासीय कन्या छात्रावास कंचनपुर में आयोजित मध्य प्रदेश गौरव दिवस के अंतर्गत लोक नृत्य एवं जननायक पर केंद्रित प्रतियोगिता कार्यक्रम में व्यक्त किए।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सहायक आयुक्त जनजातीय कार्य विभाग आनंद राय सिन्हा ने कहा कि हमारा जिला जनजातीय प्रमुख जिला है, हमारे जिले के जनजातीय बच्चे आज हर एक क्षेत्र में जिले एवं प्रदेश का नाम रोशन कर रहे हैं। हमारे बच्चे लोक नृत्य, चित्रकला, संवाद, श्लोक, खेल, पढ़ाई तथा अन्य क्षेत्रों में अपना तथा जिले का नाम रोशन कर रहे हैं। हमारे बच्चे हमारे भारत के भविष्य हैं, हमारे भारत की धरोहर हैं, हमारे भारत की मूल्य सभ्यता के जीते जागते उदाहरण हैं, हमारे बच्चे देश के उज्जवल भविष्य हैं तथा हम सभी बच्चों को निखारने हेतु वह शिल्पी हैं, जो बच्चों के भविष्य संवारने का कार्य कर रहे हैं।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए डीपीसी डॉ. मदन कुमार त्रिपाठी ने कहा कि विद्यार्थी जीवन को मनुष्य के जीवन की आधारशिला कहा जाता है। इस समय वह जिन गुणों को अपनाता है, वही आगे चलकर चरित्र का निर्माण करते हैं। अत: विद्यार्थी जीवन सभी के लिए बहुत महत्वपूर्ण होता है। एक आदर्श विद्यार्थी वह है, जो परिश्रम और लगन से अध्ययन करता है तथा सद्गुणों को अपनाकर स्वयं का ही नहीं, अपितु अपने माँ-बाप व विद्यालय का नाम ऊँचा करता है। वह अपने पीछे ऐसे उदाहरण छोड़ जाता है जो अन्य विद्यार्थियों के लिए अनुकरणीय बन जाते हैं ।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उपसंचालक सामाजिक न्याय श्री शिवेंद्र सिंह परिहार ने कहा कि हमारा देश भारत एक अनूठी सांस्कृतिक, कला और परंपराओं का देश है। यह कला और संस्कृति प्राचीन काल से हमारी परंपरा रही है, जो आज तक प्रचलन में हैं। दुनिया के अन्य देशों से आने वाले पर्यटक हमारी कला और संस्कृति को देखकर बहुत ही मोहित होते हैं। हम सभी अनेकों त्योहारों और कलाओं को एकजुट होकर मनाते हैं। हम भारत की कला संस्कृति से थोड़े अनभिज्ञ जरूर है, पर इन्हीं त्योहारों और उनके मनाने के तरीकों से हमारी संस्कृति और कला का पता चलता है। हमारा देश भारत एक अनूठी सांस्कृतिक, कला और परंपराओं का देश है। यह कला और संस्कृति प्राचीन काल से हमारी परंपरा रही है, जो आज तक प्रचलन में हैं। हम सभी अनेकों त्योहारों और कलाओं को एकजुट होकर मनाते हैं।
कार्यक्रम में ” सबसे है निराले हैं हम एमपी वाले, जाना जाना रे सुआ उड़ी जाना रे सुआ, एकल गान, लोक नृत्य एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम” की अद्भुत एवं आकर्षित प्रस्तुति दी गई। जिसमें शासकीय आवासीय शिक्षा परिसर शहडोल, शासकीय आवासीय छात्रावास कंचनपुर, शासकीय आवासीय विद्यालय विचारपुर, ज्ञानोदय शासकीय विद्यालय के विद्यार्थियों ने रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुति दी। कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के छाया चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलित एवं माल्यार्पण कर किया गया। इस दौरान विधायक जयसिंहनगर जयसिंह मरावी द्वारा छात्राओं द्वारा बनाया गया रंगोली चित्रकला का भी अवलोकन किया गया। जिसकी विधायक जयसिंहनगर जयसिंह मरावी ने सराहना की।
प्रतियोगिता कार्यक्रम में सामाजिक न्याय एवं नि:शक्त विभाग के कलापथक दलों द्वारा नशा मुक्ति, मध्य प्रदेश गान एवं देशभक्ति जैसे गीतों की प्रस्तुति देकर लोगों को मन मुग्ध किया।
कार्यक्रम में जिला शिक्षा अधिकारी फूलचंद मरपाची, सहायक संचालक शिक्षा ओ.पी. निगम, प्राचार्य शासकीय आवासीय छात्रावास कंचनपुर रणजीत सिंह, प्राचार्य कन्या शिक्षा परिसर बुढार वर्षा दुबे, प्राचार्य कन्या शिक्षा परिसर चुनिया प्रीति सहाय, प्राचार्य रघुराज हायर सेकेंडरी स्कूल आभा त्रिपाठी, तृप्ति राय सिन्हा सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित थे। कार्यक्रम का संचालन जनजाति कार्य विभाग के राजेंद्र तिवारी ने किया।




