*लोक सेवाओं के प्रदान की गारंटी अधिनियम पर लीपा – पोती करता जैतहरी जनपद पंचायत – पार्वती राठौर*
तहसील जैतहरी जिला अनुपपुर मध्य-प्रदेश

लोक सेवाओं के प्रदान की गारंटी अधिनियम पर लीपा – पोती करता जैतहरी जनपद पंचायत – पार्वती राठौर
तहसील/ब्लॉक रिपोर्टर विकास सिंह राठौर कि रिपोर्ट
अनूपपुर/जैतहरी
मध्यप्रदेश सरकार चाहे जितने बड़े से बड़े घोषणा कर ले कि जनता को बेहतर से बेहतर सेवाएं एवं सुविधा दिलाए जाने हेतु विभिन्न प्रकार की कानून बनाया गया है, किन्तु भृष्ट एवं गैर जिम्मेदार अफसर बाबु उसका मुडिया – मेंट करने का तोड़ निकाल लेते हैं।
उक्त विचार जनपद पंचायत जैतहरी के जनपद सदस्य पार्वती राठौर ने देते हुए बताया कि ग्राम पंचायत चोरभठी निवासी रामकुमार पिता भुरवा राठौर मध्यप्रदेश भवन एवं अन्य संनिर्माण कर्मकार मंडल योजना के तहत लोक सेवा केन्द्र जैतहरी के माध्यम से विवाह सहायता हेतु आवेदन किया था किन्तु वर्षों से जमे बाबु रटी – रटाई एक ही भाषा कि ” आपका आवेदन परीक्षणोपरान्त निम्न कारणों से अमान्य किया जाता है ” और कारण में लिखा गया है कि ” परीक्षणोपरान्त स्वीकृत की कार्यवाही की जाएगी ” । शवाल उठता है कि परीक्षणोपरान्त आवेदन अमान्य किया जा चुका है तो पुनः किस तरह के परीक्षणोपरान्त स्वीकृत की कार्यवाही की जाएगी।
राठौर ने बताया कि ग्रामपंचायत क्योंटार निवासी शिव प्रसाद यादव के द्वारा ऑनलाइन नवीनीकरण हेतु आवेदन किया था जिसका बिनिश्चय का समयावधि 21/12/2020 है। शिव प्रसाद यादव के आवेदन पर भी इसी तरह के कारण लेख किया जाकर आठ माह से आफिस का चक्कर काट वाया जा रहा है किन्तु आज दिनांक तक उसके आवेदन पर कार्यवाही नहीं किया गया है।
राठौर ने बताया कि वर्षों से जनपद पंचायत में जमे बाबु परशुराम मिश्रा गाँव – गाँव में दलाल पालकर रखा है। जो मोटी रकम हितग्राही से वसूल कर बटनवाला किया जाता है। ग्राम पंचायत चोरभठी निवासी नन्द लाल पिता चीरशाय के निधन पर दो लाख रूपये मृत्यु एवं अंत्येष्टि सहायता राशि में से दलालों ने पचास हजार रुपये ऐठ लिया था ,और इसी लिए जानबूझकर अनर्गल कारण दर्शाकर लोकसेवाओं के प्रदान की गारंटी अधिनियम पर लीपा-पोती किया जा रहा है।
पार्वती राठौर ने कहा कि मामला सिर्फ दो – चार की नहीं है बल्कि जितना भी आवेदन में देखीं हूँ सभी आवेदन इसी तरह का लिखा गया है। लाकडाउन कें कारण जनपद की बैठक नहीं होना ऐसे भृष्ट बाबुओं के लिए लाटरी सी खुल गई है।




