*जिला कलेक्टर आदेशानुसार सभी विभाग निर्माण कार्यो की जाने वाली खनिज रॉयल्टी की जानकारी खनिज विभाग को देना जरूरी है*
उमारिया जिला मध्य प्रदेश

जिला कलेक्टर आदेशानुसार सभी विभाग निर्माण कार्यो की जाने वाली खनिज रॉयल्टी की जानकारी खनिज विभाग को देना जरूरी है
(पढ़िए जिला क्राईम ब्यूरो चीफ किशन विश्वकर्मा की रिपोर्ट)
मध्य प्रदेश जिला उमरिया में कलेक्टर संजीव श्रीवास्तव ने समय सीमा की बैठक में जिले मे निर्माण विभागों द्वारा किए जाने वाले निर्माण कार्यो मे खनिज रॉयल्टी वसूली की समीक्षा करते हुए कहा कि सभी विभाग खनिज रॉयल्टी की वसूली संबंधित निविदाकार के पेमेंट से कटौती कर शासन के खाते मे जमा करें तथा काटौती की गई राशि की जानकारी जिला खनिज शाखा को उपलब्ध कराएं। उन्होंने कहा कि जिले में जिन स्थानों पर गौण खनिज या रेत की खदानें है तथा अभी तक खदान घोषित नही की गई है , वन राजस्व तथा खनिज विभाग संयुक्त निरीक्षण कर ऐसे स्थानों का चयन करें तथा खनिज की खदान घोषित करानें की कार्यवाही सुनिश्चित करें। बैठक में अपर कलेक्टर अशोक ओहरी, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत इला तिवारी सहित विभिन्न विभागों के जिला प्रमुख अधिकारी उपस्थित रहे।
कलेक्टर ने खनिज रॉयल्टी की विभिन्न निर्माण विभागों , लोक निर्माण विभाग, एमपीआरडीसी, प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना, पीआईयू, ब्रिज कार्पोरेशन, नेशनल हाईवे, हाउसिंग बोर्ड, पुलिस हाउसिंग बोर्ड, ग्रामीण यांत्रिकीय सेवा, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकीय विभाग, जन जातीय कार्य विभाग तथा एसईसीएल से एक सप्ताह के भीतर खनिज रॉयल्टी जमा कर जानकारी खनिज विभाग को उपलब्ध करानें के निर्देश दिए।




