*राज्यमंत्री के विधानसभा में टूटी सड़कों को लेकर ग्रामीणों ने प्रशासन के खिलाफ की जमकर नारेबाजी और कहा सड़क नहीं तो वोट नहीं*
जिला अमेठी उत्तरप्रदेश

*राज्यमंत्री के विधानसभा में टूटी सड़कों को लेकर ग्रामीणों ने प्रशासन के खिलाफ की जमकर नारेबाजी और कहा सड़क नहीं तो वोट नहीं*
खराब रोड को लेकर ग्रामीणों ने किया विरोध प्रदर्शन
राज्य मंत्री के विधान सभा क्षेत्र में टूटी सड़कों को लेकर विरोध प्रदर्शन का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है।

गूंगे मऊ के ग्रामीणों ने भी खराब सड़कों को लेकर विरोध करते हुए वोट बहिष्कार की धमकी दिया हैं।

क्षेत्र की टूटी सड़के सरकार और राज्य मंत्री के कार्यकाल में हुए विकास के दावों की पोल खोल रही है।
वीओ-उत्तर प्रदेश के अमेठी जनपद में जगदीशपुर विधानसभा क्षेत्र में सड़कों की हालत बद से बदतर हो गई है सड़कों में गड्ढे हैं की गड्ढे में सड़के हैं यह बताना कठिन हो गया है 15 दिन पूर्व ही विधानसभा क्षेत्र के रंकापुर के ग्रामीणों ने रोड नहीं तो वोट नहीं का बोर्ड लगाकर सरकार का विरोध शुरू किया था जिसकी लपट अब विधानसभा के अन्य गांवों में भी पहुंचने लगी है।
विधानसभा क्षेत्र के गूंगे मऊ के ग्रामीणों ने गड्ढा युक्त सड़कों को लेकर विरोध प्रदर्शन पर उतर आए प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों का आरोप है
कि हमारे गांव में पिछले दो दशक से भाजपा को ही वोट दिया जाता है हमारे गांव में भाजपा सर्वाधिक मत पाती है
बावजूद इसके सरकार के जनप्रतिनिधि क्षेत्र की सड़कों को लेकर अनदेखी करते हैं।
हारीमऊ से गूंगे मऊ और मिश्रौली से गूंगे मऊ जो मुख्य मार्ग को जोड़ने वाले संपर्क मार्ग हैं
गड्ढों में तब्दील हो गए हैं जिसकी शिकायत कई बार किया गया बावजूद इसके कोई निराकरण नहीं हुआ
ग्रामीणों ने कहा कि गांव के प्रधान से लेकर ब्लाक प्रमुख जिला पंचायत सदस्य क्षेत्र पंचायत सदस्य विधायक और सांसद तक भाजपा के हैं देश और प्रदेश में भाजपा की सरकार भी है बावजूद इसके सड़कें नहीं बनवाई जा रही हैं
बच्चों को स्कूल जाना हो या एंबुलेंस आनी हो हर समय दिक्कत होती है
आए दिन लोग गिरकर चोटिल हो जाते हैं ग्रामीणों ने कहा कि जल्द से जल्द रोड मरम्मत नहीं कराई गई तो इसका खामियाजा सरकार को चुनाव में भुगतना पड़ेगा।
*पढ़िए अमेठी जिला से ब्यूरो चीफ लाल बहादुर यादव की रिपोर्ट*




