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*सीलिंग से प्रभावित ग्रामीणों की भूमि के प्रकरण संबंधी आवेदन आमंत्रित*

शहडोल जिला मध्यप्रदेश

सीलिंग से प्रभावित ग्रामीणों की भूमि के प्रकरण संबंधी आवेदन आमंत्रित

शहडोल जिले हेतु 4 नवम्बर से 19 नवम्बर तथा अनूपपुर जिले के 21 नवम्बर से 2 दिसम्बर तक लिए जाएगें आवेदन

रिपोर्टर – (संभागीय ब्यूरो चीफ) चंद्रभान सिंह राठौर

शहडोल/03 नवम्बर 2022/

कमिश्नर शहडोल संभाग राजीव शर्मा ने शहडोल एवं अनूपपुर जिले के सीलिंग प्रकरण से संबंधित प्रभावित ग्रामों के कृषक एवं ग्रामीणजनांे से उनकी सीलिंग से संबंधित समस्या के आवेदन प्रस्तुत करने हेतु शहडोल जिले के लिए 4 नवम्बर से 19 नवम्बर 2022 तक तथा अनूपपुर जिले हेतु 21 नवम्बर से 2 दिसम्बर 2022 तक (अवकाश अवधि को छोड़कर) प्रातः 11 बजे से सांय 4 बजे तक का समय निर्धारित किया है। जारी सूचना पत्र में कहा गया है कि जो किसान एवं ग्रामीणजन अपनी सीलिंग प्रकरण से संबंधित समस्या के आवेदन पत्र प्रस्तुत करना चाहते है वे उक्त निर्धारित अवधि में कमिश्नर कार्यालय में आवेदन दे सकते है।

ज्ञात हो कि प्रदेश के मुख्यमंत्री के 21 सितम्बर 2022 को भ्रमण के दौरान शहडोल संभागान्तर्गत ग्राम खैरहा, कदौहा, सरंगपुर, सेमरा, शिलपरी, कठई, धमनी, धमनीखुर्द, हर्रा टोला, देवगई, भोदलखार, अमहा टोला अमरकंटक के ग्रामीणों ने आवेदन देकर बताया था कि उक्त ग्राम पुराने रीवा राज के खैरहा इलाके के अर्न्तगत स्थिति गांव रहें है।

मध्यप्रदेश राज्य में वर्ष 1961 में सीलिंग कानून प्रभावी हुआ। उस समय खैरहा के इलाकेदार के नाम अलग-अलग सीलिंग के प्रकरण चलाए गए। प्रकरण के निराकरण होने के मध्य भूमियों को क्रय विक्रय किया गया जिसके चलते लगभग 2500 एकड़ भूमि ग्रामीण किसानों द्वारा क्रय की गई भूमियां मध्यप्रदेश शासन दर्ज कर दी गई। आवेदन में ग्रामीण जनों द्वारा किसानों की भूमियों को उनके नाम पुनः दर्ज किये जाने का अनुरोध किया गया था।

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