*किसानों का उपार्जन केन्द्रों में गरिमामय तरीकों से किया जाए स्वागत – कलेक्टर*
शहडोल जिला मध्य प्रदेश

4 अपै्रल से होगा रबी फसल का उपार्जन
किसानों का उपार्जन केन्द्रों में गरिमामय तरीकों से किया जाए स्वागत – कलेक्टर
100 दिवस सीएम हेल्पलाइन के लंबित प्रकरणों का करे निराकरण – वंदना वैद्य
पोषण एवं जल संरक्षण पखवाडे में जन जागरूकता करें अधिकारी – कलेक्टर
रिपोर्टर – चंद्रभान सिंह राठौर
शहडोल/28 मार्च 2022/
कलेक्टर वंदना वैद्य की उपस्थिति में दिन सोमवार को कलेक्ट्रेट कार्यालय की विराट सभागार में समय-सीमा की बैठक आयोजित हुई। बैठक में कलेक्टर ने जिला खाद्य आपूर्ति नियंत्रक को निर्देशित किया कि 4 अपै्रल 2022 से होने वाले रबी फसल उपार्जन में केन्द्रो में आने वाले किसानों का गरिमामय तरीके से जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति में स्वागत किया जाए साथ ही जिले में स्थापित 39 उपार्जन केन्द्रों का निरीक्षण करने के लिए नोड़ल अधिकारी की डियूटी लगाए जो उपार्जन केन्द्रों जाकर वहां सभी मूलभूत सुविधाएं, पेयजल व्यवस्था, किसानों के बैठने के लिए कुर्सियां, छायादार स्थान, टायलेट आदि की व्यवस्था सुनिश्चित कर ली जाए जिससे किसानों को किसी भी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पडे़। बैठक में कलेक्टर ने निर्देश दिए कि रबी फसल वर्ष 2022-23 में किसानों के पंजीयन, फसल सत्यापन एवं 2 हेक्टेयर से ऊपर के अधिक रकवा वाले किसानों का बैरिफिकेशन 31 मार्च 2022 तक पूर्ण कर लिया जाए यह भी एसडीएम राजस्व एवं तहसीलदार सुनिश्चित करें। बैठक में कलेक्टर ने जिला खाद्य आपूर्ति नियंत्रक को निर्देेशित किया कि पूर्व में फसल उपार्जन करने में जिन केन्द्रों में जो समस्याए आई है
उन्हें चिन्हित कर वहां क्लीनिंग मशीन आदि भी लगवाना सुनिश्चित करें एवं गोदाम आदि की मैपिंग भी करा लें जिससे फसल रखने एवं परिवहन में किसी भी प्रकार की समस्या न हो।

उन्होंने कहा कि किसानों को स्लॉट बुक करने के तरीकों से रूबरू कराने के लिए उपार्जन केन्द्रों के लोंगो को परीक्षण भी दिलवाए एवं जिला स्तर पर कंट्रोल रूम स्थापित कराएं जिसके द्वारा उपार्जन केन्द्रों पर किसानों से चर्चा की जाएगी। बैठक में कलेक्टर ने 29 मार्च को होने वाले प्रधानमंत्री आवास के तहत गृह प्रवेश में जिले की तैयारियों की समीक्षा की और मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत को निर्देेशित किया कि सभी तैयारियां चाक-चौबंद की जाए और कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों को भी आमंत्रित किया जाए। बैठक में कलेक्टर ने आयुष्मान योजना के अन्तर्गत कार्ड कम बनने पर नाराजगी व्यक्त करते हुए सभी संबंधित अधिकारियो मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, महिला बाल विकास अधिकारी आपसी समन्वय स्थापित करते हुए इसमें प्रगति सुनिश्चित करने के लिए अपने विकासखण्ड स्तरीय अधिकारियों को प्राथमिकता के आधार पर शत-प्रतिशत पात्र हितग्राहियों के आयुष्मान कार्ड बनाने के लिए निर्देशित करें।
बैठक में कलेक्टर ने पोषण, पखवाडा व जल संरक्षण पखवाडे़ की तैयारियों की समीक्षा करते हुए कहा कि कार्यक्रम अधिकारी महिला बाल विकास एवं कार्यपालन यंत्री डब्ल्यू.आर.डी. मिलकर हर ग्राम पंचायत एवं ऑगनवाडी केन्द्रों में पोषण के महत्व तथा जल संरक्षण के महत्व की जानकारी जन-जन तक पहुंचाना सुनिश्चित करें तथा हैंडपंप जहा स्थापित है वहां जल सोखता बनाया जाए यह भी सुनिश्चित किया जाए। इसी प्रकार गर्भवती माताओं एवं किशोरी बालिकाओं को एनिमिया रोग से मुक्त करने के लिए मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी तथा जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला बाल विकास विभाग मिलकर स्वास्थ्य परीक्षण शिविर आयोजित कराएं।
कलेक्टर ने निर्देश दिए कि जिले के अधिकारी जिन ऑगनवाडी केन्द्रों को गोद लिये हुए है वहां ऑगनवाडी केन्द्रों के अधोसंरचना विकास व पोषण संदर्भित सेवाओं की मॉनिटरिंग करने के साथ-साथ जल संरक्षण एवं जल संवर्धन पर भी कार्य करें जिससे ऑगनवाडी केन्द्रों की सेवाओं में सुधार लाया जा सके। बैठक में कलेक्टर ने 12 से 14 वर्ष के आयु वर्ग के बच्चों के वैक्सीनेशन की समीक्षा करते हुए शिक्षा विभाग एवं स्वास्थ्य विभाग के जिला अधिकारियों को निर्देशित किया कि आपसी समन्वय के साथ अधिक से अधिक सेशन लगाकर बच्चों का वैक्सीनेशन किया जाए।
समय-सीमा की बैठक में कलेक्टर ने एलडीएम जिला अग्रणी बैंक को निर्देशित किया पशुपालन, दुग्ध सहकारी समिति, मत्स्य विभाग एवं पशु चिकित्सा विभाग के केसीसी बनाने में प्रगति सुनिश्चित करने के लिए संबंधित अधिकारियेां का सहयोग करे और आवेदन जिन बैंकांे में लंबित है वहां उनका निराकरण कराया जाए। बैठक में कलेक्टर ने लोक सेवा गारंटी योजना की समीक्षा करते हुए जिला योजना अधिकारी को निर्देशित किया कि जन्म प्रमाण पत्र के प्रकरण समयावधि के बाहर होने पर जिम्मेदार अधिकारियों के विरूद्ध 250 रूपये का जुर्माना अधिरोपित किया जाए।
बैठक में कलेक्टर ने कहा कि सीएम हेल्पलाइन के लंबित प्रकरणों में कोई भी प्रकरण अनअटेंडेड न रहें इस बात का विशेष ध्यान रखा जाए, औचित्यपूर्ण एवं समाधानकारक जानकारी भारी जाए। इसी प्रकार 100 दिवस से अधिक सी.एम. हेल्पलाइन के लंबित प्रकरणों के निराकरण के लिए विभागीय अधिकारी अपने कार्यालयों में शिकायतकर्ता को बुलवाकर शिकायत का समक्ष निराकरण कराएं जिससे शिकायतकर्ता भी संतुष्ट हो।
कलेक्टर ने बैठक में कार्यपालन यंत्री एमपीईबी को निर्देशित किया कि अगली समय-सीमा की बैठक में जिले में खराब ट्रांसफार्मरों की जानकारी कारण सहित अनिवार्य रूप से लेकर आए। कलेक्टर ने समय-सीमा की बैठक में न आने पर जिला खनिज अधिकारी को कारण बताओं पत्र जारी करने के निर्देश देते हुए कहा कि अधिकारियों के बैठक में न आने पर समीक्षा नही हो पाती, इसलिए सभी अधिकारी समय-सीमा की बैठक में अनिवार्य रूप से आए। बैठक में कलेक्टर ने नगरीय क्षेत्र के कचडा गाड़ी की समीक्षा करते हुए नगरपालिका अधिकारी को निर्देशित किया कि सभी वार्डाें में गाडी अनिवार्य रूप से जाए और सभी गाडियों की जीपीएफ टेकिंग हो साथ ही नगरपालिका की प्रचार-प्रसार गाडियों से गीला कचरा एवं सुखा कचरा अलग रखने के साथ-साथ सभी दुकानदरों, रेस्टोरेंट, होटलों को अनिवार्य रूप से साफ-सफाई एवं स्वच्छता के साथ दो डस्टबिन रखवाने का संदेश भी दिया जाए। बैठक में कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि अपने कार्यालय में बोर्ड आदि को रिपरेंट कराएं साथ ही साफ-सफाई एवं स्वच्छता करवाते हुए टायलेट आदि भी पूर्णतः साफ रखें एवं कार्यालय में डस्टबिन भी रखवाएं। कलेक्टर ने कहा कि उनके द्वारा जिले अधिकारियों को साफ-सफाई एवं स्वच्छता का आंकलन करने के लिए भेजा जाएगा जिसके आधार पर ग्रेडिंग भी निर्धारित की जाएगी।
बैठक में मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत हिमांशू चंद्र, संयुक्त कलेक्टर दिलीप पाण्डेय, कार्यपालन अधिकारी पीआईयू रमाकांत पाण्डेय,कार्यपालन यंत्री डब्ल्यूआरडी प्रतीक खरे, उप संचालक कृषि आर.पी. झारिया, कार्यपालन यंत्री एमपीईबी आर.सी. पटेल, जिला खाद्य आपूर्ति नियंत्रक कमलेश टाण्डेकर, सहायक आयुक्त आदिम जाति कल्याण विभाग रणजीत सिंह, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. एम.एस सागर सहायक संचालक मत्स्य शिवेन्द्र सिंह एलडीएम एस.सी. माझी, जिला कोषालय अधिकारी आरएम सिंह, मुख्य नगरपालिका अधिकारी अमित तिवारी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।




