कुंवारपुर उप-तहसील का घेराव: गोड़वाना गणतंत्र पार्टी का बड़ा आंदोलन,पटवारी-चौकीदार पर रिश्वत मांगने का ऑडियो वायरल
तहसील भरतपुर जिला मनेंद्रगढ़ छत्तीसगढ़

कुंवारपुर उप-तहसील का घेराव: गोड़वाना गणतंत्र पार्टी का बड़ा आंदोलन,पटवारी-चौकीदार पर रिश्वत मांगने का ऑडियो वायरल
(पढिए जिला एमसीबी ब्यूरो चीफ मनमोहन सांधे की खास खबर)
किसानों से 8 हजार रुपये लेने का आरोप, तहसील कार्यालय में सौंपा गया ज्ञापन
उप तहसील में भ्रष्टाचार के खिलाफ उठी आवाज, सुधार नहीं हुआ तो उग्र आंदोलन की चेतावनी
एमसीबी/भरतपुर। छत्तीसगढ़ राज्य के जिला एमसीबी अंतर्गत भरतपुर विकासखंड की कुंवारपुर उप-तहसील में मंगलवार को गोड़वाना गणतंत्र पार्टी के नेतृत्व में जोरदार प्रदर्शन किया गया। पार्टी पदाधिकारियों एवं बड़ी संख्या में किसानों ने तहसील कार्यालय का घेराव कर प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की और किसानों के साथ कथित रूप से हो रही लूट एवं अवैध वसूली पर कड़ा विरोध जताया।
गोड़वाना गणतंत्र पार्टी का आरोप है कि तहसील क्षेत्र में किसानों से विभिन्न कार्यों के नाम पर पैसे की मांग की जा रही है। हाल ही में पटवारी एवं चौकीदार द्वारा 8,000 रुपये लेने से संबंधित एक ऑडियो वायरल हुआ है, जिसने पूरे क्षेत्र में हड़कंप मचा दिया है। इसी मामले को लेकर पार्टी ने तहसील कार्यालय में लिखित ज्ञापन सौंपकर तत्काल जांच एवं दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है।

अटल चौक से तहसील कार्यालय तक पैदल मार्च
प्रदर्शनकारियों ने अटल चौक से लेकर तहसील कार्यालय तक पैदल मार्च करते हुए अपनी मांगों को लेकर आवाज बुलंद की। इस दौरान प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहा और पुलिस प्रशासन की मौजूदगी में व्यवस्था बनाए रखी गई। किसानों का कहना था कि वे अपने हक के लिए संघर्ष कर रहे हैं और प्रशासन को अब उनकी समस्याओं को गंभीरता से लेना होगा।
किसानों की समस्याएं और मूलभूत सुविधाओं की मांग
ज्ञापन में केवल रिश्वतखोरी का मुद्दा ही नहीं, बल्कि किसानों की मूलभूत समस्याओं का भी उल्लेख किया गया है। पार्टी का कहना है कि तहसील क्षेत्र में कई ऐसे कार्य हैं जो समय पर नहीं हो रहे, जिससे किसानों को बार-बार कार्यालय के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं।
किसानों ने आरोप लगाया कि सरकारी कामों में अनावश्यक देरी कर उन्हें मानसिक व आर्थिक रूप से परेशान किया जाता है।

ऑडियो वायरल होने के बाद भी कार्रवाई नहीं—पार्टी का आरोप
गोड़वाना गणतंत्र पार्टी ने कहा कि जब से रिश्वत मांगने का ऑडियो वायरल हुआ है, तब से ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। लेकिन इसके बावजूद अब तक कोई ठोस कार्यवाही नहीं की गई, जिससे किसानों का भरोसा टूट रहा है।
पार्टी ने प्रशासन से मांग की कि वायरल ऑडियो की निष्पक्ष जांच कर दोषियों को तुरंत निलंबित किया जाए और रिश्वतखोरी पर सख्त कार्रवाई की जाए।
सुधार नहीं हुआ तो होगा उग्र आंदोलन
गोड़वाना गणतंत्र पार्टी के पदाधिकारियों ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि प्रशासन ने जल्द से जल्द सुधार नहीं किया और किसानों की समस्याओं का समाधान नहीं किया गया, तो पार्टी आगे उग्र आंदोलन करने के लिए मजबूर होगी।
उन्होंने कहा कि यह लड़ाई किसानों के सम्मान और अधिकारों की है, और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

प्रशासन से मुख्य मांगें
ज्ञापन के माध्यम से पार्टी एवं किसानों ने प्रशासन से निम्न मांगें रखीं—
1. पटवारी एवं चौकीदार द्वारा रिश्वत मांगने के वायरल ऑडियो की जांच कर तत्काल कार्रवाई।
2. किसानों से हो रही अवैध वसूली पर पूर्ण रोक।
3. तहसील कार्यालय में कार्यों का समयबद्ध निष्पादन।
4. किसानों को सरकारी योजनाओं का पारदर्शी लाभ दिलाया जाए।
5. दोषियों पर कड़ी कानूनी कार्यवाही कर मिसाल कायम की जाए।
जनता में नाराजगी, निष्पक्ष जांच की मांग
प्रदर्शन में शामिल ग्रामीणों का कहना है कि यदि किसानों से रिश्वत लेकर काम किए जाएंगे तो गरीब किसान कहां जाएंगे। उन्होंने शासन-प्रशासन से मांग की कि भ्रष्टाचार पर रोक लगाई जाए और तहसील कार्यालय को जनहितैषी व्यवस्था के रूप में संचालित किया जाए।




